संतो महात्माओं ने हमेशा से एकता का उपदेश दिया है। वे हमको हर प्रकार के द्वैत से ऊपर उठकर समदर्शी बनने का उपदेश देते है। संत महात्मा समझाते है कि परमात्मा ने सब इंसान एक जैसे बनाए है। मजहब, मुल्क, कोम, नस्ल और जाति पाति के सब तरह के भेद भाव इंसान के बनाए हुएContinue reading “जाति- पाति आध्यात्म की नजर से”
Tag Archives: आध्यात्म
बहुत जरूरी 6 बातें
मन क्या है? इसे कैसे जीते?
मन की रचना के बारे में गुरु नानक साहिब फरमाते है (आदि ग्रंथ पृष्ठ स ४१५) ईह मन करमा ईह मन धरमा।। ईह मन पंच तत ते जनमा।। कबीर साहिब कहते है: (आदि ग्रंथ पृष्ठ स ३४२) ईह मन सकती ईह मन सीउ।।ईह मन पंच तत को जीउ।। गुरु नानक साहिब और कबीर साहिब यहContinue reading “मन क्या है? इसे कैसे जीते?”
Finding Happiness
रहस्यमय भीम कुंड
ज्योतिष आद्यात्म की नजर से…
ज्योतिष द्वारा लोग भविष्य में घटनेवाली शुभ और अशुभ घटनाओं का पता लगाने का प्रयत्न करते है।लोग ज्योतिष विद्या द्वारा यह जानने का प्रयत्न करते है कि किस काम के लिए कौन सी घड़ी या कोन सा मुहूर्त शुभ है। इसी तरह वे यह जानने की भी कोशिश करते है कि किन स्थानों पर जानाContinue reading “ज्योतिष आद्यात्म की नजर से…”
जीवन और आध्यात्म
गुरु नानक साहिब फरमाते है: जैसे जल मह कमल निरालम मुरगाई नै साने।। सुरत सबद भाव सागर तरिए नानक नाम वाखने।। जिस तरह मुरगाबी पानी में रहती है, जब चाहती है, सूखे परो से उड़ जाती है। कमल का फूल पानी से बाहर होता है, जड़े पानी में होती है। इसी तरह हमे भी अपनीContinue reading “जीवन और आध्यात्म”
अभूतपूर्व भारत
दो हीरे
एक सौदागर को बाज़ार में घूमते हुए एक उम्दा नस्ल का ऊंट दिखाई पड़ा!.सौदागर और ऊंट बेचने वाले के बीच काफी लंबी सौदेबाजी हुई और आखिर में सौदागर ऊंट खरीद कर घर ले आया!_.घर पहुंचने पर सौदागर ने अपने नौकर को ऊंट का कजावा ( काठी) निकालने के लिए बुलाया..!.कजावे के नीचे नौकर को एकContinue reading “दो हीरे”
मैं ही कृष्ण मैं ही कंस हुँ।
मैं ही कृष्ण मैं ही कंस हुँ।(दिल को छूने वाली कहानी) एक चित्रकार था, जो अद्धभुत चित्र बनाता था।लोग उसकी चित्रकारी की तारीफ़ करते थे। एक दिन कृष्ण मंदिर के भक्तों ने उनसे कृष्ण और कंस का एक चित्र बनाने की इच्छा प्रगट की। चित्रकार तैयार हो गया आखिर भगवान् का काम था, पर उसनेContinue reading “मैं ही कृष्ण मैं ही कंस हुँ।”