गुरू मंत्र, नामदान या दीक्षा

संत महात्मा अपनी शरण में आए जीव को परमात्मा से मिलाप की मंजिल पर पहुंचने के लिए अंतर्मुख रूहानी अभ्यास की जो युक्ति सीखते है, उसे संत मत में नाम दान, गुरु मंत्र, गुरु उपदेश, गुरु का शब्द, गुरु का नाम, गुरु का वचन, गुरु की दीक्षा आदि नामों से जाना जाता है। इस दीक्षा,उपदेश […]

गुरू मंत्र, नामदान या दीक्षा

Published by Pradeep Th

अनमोल मनुष्य जन्म और आध्यात्मिकता

One thought on “गुरू मंत्र, नामदान या दीक्षा

  1. बहुत सुंदर
    गुरु जी
    अब अछी लगने लगी
    चंद बाते ज्ञान की यहा
    कब जीवन से मुक्ति मिले
    मोत द्वारे खड़ी नित्य दिखे यहां।।

    कोशिश करने लगा हु अब
    माफी अत्तित की मागु सदा
    वर्तमान में गलत ना करू अभी
    सोच रखता अब यही यहा।।

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